इटावा/जसवंतनगर: तपती दोपहर में बीईओ ने ईंट भट्टे पर पहुंचकर बच्चों को दिलाया शिक्षा का भरोसा
चीफ एडिटर: एम.एस वर्मा
मनोज कुमार
तपती दोपहर में बीईओ ने ईंट भट्टे पर पहुंचकर बच्चों को दिलाया शिक्षा का भरोसा
जसवंतनगर। जहां एक ओर भीषण गर्मी में लोग घरों से बाहर निकलने से बचते हैं, वहीं खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) गिरीश कुमार ने मिशन शारदा के तहत एक सराहनीय पहल करते हुए खुद मैदान में उतरकर शिक्षा से वंचित बच्चों को स्कूल से जोड़ने का प्रयास किया। उन्होंने दिखाया कि यदि अधिकारी इच्छाशक्ति के साथ काम करें तो बदलाव संभव है।
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित ‘मिशन शारदा’ का उद्देश्य है कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। इसी क्रम में बीईओ गिरीश कुमार पूर्व माध्यमिक विद्यालय धरबार पहुंचे थे। गांव में बच्चों की स्थिति की जानकारी लेने के दौरान उन्हें पता चला कि पास के एक ईंट भट्टे पर काम करने वाले मजदूरों के बच्चे स्कूल नहीं जाते हैं।
इस सूचना पर बीईओ बिना देर किए प्रधानाध्यापक अमरपाल यादव व सहायक अध्यापकों के साथ सीधे ईंट भट्टे पर पहुंच गए। अचानक अधिकारियों को देखकर मजदूर परिवार घबरा गए, लेकिन बीईओ ने उन्हें समझाया कि उनका उद्देश्य केवल बच्चों को शिक्षा से जोड़ना है। उन्होंने अभिभावकों को बताया कि बच्चों की पढ़ाई पूरी तरह निःशुल्क होगी, साथ ही किताबें, मिड-डे मील और शासन की अन्य सुविधाएं भी मिलेंगी।
काफी समझाने के बाद मजदूरों ने अपने बच्चों का स्कूल में दाखिला कराने का आश्वासन दिया। इस पहल से क्षेत्र में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ने की उम्मीद है। स्थानीय लोगों ने बीईओ के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि जब अधिकारी खुद मैदान में उतरते हैं, तभी वास्तविक समस्याओं का समाधान संभव होता है।
फोटो : ईंट भट्टे पर मजदूरों से बातचीत कर बच्चों को स्कूल भेजने के लिए प्रेरित करते बीईओ गिरीश कुमार व विद्यालय स्टाफ।
