चिरमिरी: पीएम जयसवाई योजना में बड़ा खेल!
संवाददाता: विनोद कुमार पांडे ब्यूरो चीफ
चिरमिरीपीएम जयसवाई योजना में बड़ा खेल!
6 दिन में उखड़ी सड़क, हाथों से निकल रहा डामर — ग्रामीणों का फूटा गुस्सा
एमसीबी जिले के खड़गवां विकासखंड से सामने आई ये तस्वीरेंसरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत की पोल खोल रही हैं।
कदरेवा से उदनापुर को जोड़ने वाली सड़क,
जो प्रधानमंत्री जयसवाई योजना के तहत बनाई गई थी,
वह सड़क महज 6 दिन में ही दम तोड़ चुकी है।
हालात ऐसे हैं कि सड़क पर चलने की जरूरत नहीं,
हाथ लगाने भर से डामर उखड़ रहा है।
डामर सड़क से नहीं,सिस्टम से अलग होता दिख रहा है।
ग्रामीणों का सीधा और गंभीर आरोप है कि
तीन से चार किलोमीटर तक कहीं भी सड़क की गुणवत्ता सही नहीं है।
हर जगह घटिया, खोखला और सिर्फ कागजों में मजबूत निर्माण किया गया है।ग्रामीणों का कहना है—
न सड़क में तय मोटाई है,
न डामर की कोई पकड़।
कई जगहों पर तो सिर्फ गिट्टी डालकरखानापूर्ति कर दी गई,
जो अब हाथों से ही उखड़ रही है।
सबसे चौंकाने वाला खुलासा तब हुआ
जब ग्राम पंचायत की सरपंच संतोषी पादरों ने साफ-साफ कहा कि—
उन्हें सड़क निर्माण की कोई जानकारी तक नहीं दी गई।
यानि बिना जानकारी, बिना निगरानी,
और बिना जवाबदेही के
पूरी सड़क बना दी गई।
ग्रामीणों का आरोप है कि
ठेकेदार और विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत से
यह घटिया सड़क बनाई गई,
जहां गुणवत्ता नहीं,
सिर्फ कमाई को प्राथमिकता दी गई।
और अब सबसे बड़ा सवाल—
👉 यह पूरा मामला छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी के ग्राम क्षेत्र अंतर्गत बताया जा रहा है।
👉 मंत्री के ही क्षेत्र में अगर पीएम योजना की सड़क 6 दिन में उखड़ जाए,👉 तो फिर पूरे प्रदेश में योजनाओं की हालत क्या होगी?
अब सवाल सीधे-सीधे सिस्टम से हैं—
👉 क्या जिम्मेदार अधिकारियों की आंखों पर पट्टी बंधी थी?
👉 या फिर सब कुछ जानते हुए भी जानबूझकर चुप्पी साध ली गई?
👉 क्या मंत्री के क्षेत्र में भी ठेकेदार बेलगाम हो चुके हैं?
फिलहाल,
ग्रामीणों का गुस्सा सड़क पर है,
और सवाल सरकार के दरवाजे पर।
ग्रामीणों ने
उच्च स्तरीय जांच, सड़क की तकनीकी जांच
और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है,
ताकि जनता के पैसे की खुली लूट पर लगाम लग सके।
अगर आप चाहें तो मैं इसके लिए


