फर्रुखाबाद:महिला को तीन तलाक की धमकी, घर से निकाला,पति पर दूसरा निकाह और मारपीट का आरोप, 4 पर केस

महिला को तीन तलाक की धमकी, घर से निकाला,पति पर दूसरा निकाह और मारपीट का आरोप, 4 पर केस


फर्रुखाबाद के मऊदरवाजा थाना क्षेत्र में एक महिला को तीन तलाक की धमकी देकर घर से निकाल दिया गया। न्यायालय के आदेश पर महिला ने अपने पति सहित चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। महिला ने पति पर दूसरा निकाह करने का भी आरोप लगाया है।

निकहत परवीन उर्फ़ शाहिवा पुत्री अकबर अली निवासी मोहल्ला हाथीखाना थाना कोतवाली फतेहगढ़ की है प्रार्थनी निकहत परवीन उर्फ़ शाहिवा की शादी मुस्लिम रीति रिवाज के अनुसार शकील शाद पुत्र मोहम्मद शब्बीर निवासी हाता सफी खां थाना मऊदरवाजा के साथ दिनांक 3,5,2015 को हुई थी निकहत के पति के संसर्ग से एक पुत्री व तीन पुत्र पैदा हुए निकहत के पति द्वारा दबाव बनाया जाता था

पीड़िता निकहत परवीन उर्फ शाहिवा बेगम ने आरोप लगाया है कि उनके पति मोहम्मद शकील शाद ने उन पर अपने भाई शोएब के साथ पत्नी की तरह रहने का दबाव बनाया। जब निकहत ने इसका विरोध किया, तो पति ने उन्हें तीन तलाक देने की धमकी दी।

घटना 10 मई 2026 की रात लगभग 8 बजे की है। विरोध करने पर पति शकील शाद और उसके भाइयों सद्दीक, शफीक व शोएब ने निकहत के साथ मारपीट की। इसके बाद उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए बेटी के साथ घर से निकाल दिया गया। पति ने तीनों बेटों को अपने पास रख लिया।

निकहत परवीन ने पहले मऊदरवाजा थाने में सूचना दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने 11 मई 2026 को पुलिस अधीक्षक को भी प्रार्थना पत्र भेजा, पर रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। विवश होकर निकहत ने न्यायालय का रुख किया, जिसके आदेश पर अब मुकदमा दर्ज किया गया है।

मुकदमे में पति शकील शाद पुत्र शब्बीर, सद्दीक पुत्र शब्बीर, शफीक पुत्र शब्बीर और शोएब पुत्र शब्बीर को नामजद किया गया है। इन पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 115(2) और 351(3) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

गौरतलब है कि भारत सरकार ने मुस्लिम महिला (विवाह पर अधिकारों का संरक्षण) अधिनियम, 2019 लागू किया है, जिसके तहत एक बार में तीन बार 'तलाक' कहकर दिया गया तलाक अवैध और दंडनीय है। इस कानून के तहत पीड़ित महिला अपने और अपने नाबालिग बच्चों के लिए पति से गुजारा भत्ता पाने की हकदार है।